गांव की लड़की की गांड मारी

गांव की लड़की की गांड मारी। हेलो मित्रों ये कहानी अभी कुछ ही महीने पहले की है। तब मैं अपनी बुआ जी के घर गाँव में गया हुआ था. दोस्तों मैं अभी पढाई करता हूँ. मैं जिस कॉलेज मैं पढाई करता हूँ उस कॉलेज में मेरी गर्लफ्रेंड भी पढ़ती है. मैं आप लोगो को अपने गर्लफ्रेंड के बारे में बता देता हूँ. मेरी गर्लफ्रेंड का नाम निधि है और उसकी उम्र 21 साल है.

वो दिखने में बहुत गोरी है और उसका फिगर सेक्सी है. मैं और निधि एक दुसरे से बहुत प्यार करते हैं. दोस्तों मैंने निधि की सील अपने घर में ही तोड़ी थी. जिस दिन मैंने निधि की पहली चुदाई की थी उस दिन निधि की आँखों में पानी आ गया था. उस दिन के बाद मैं और निधि अक्सर चुदाई करते रहते हैं. मैं जिस टाइम कॉलेज में पढता था उस टाइम मेरी बुआ गाँव से फ़ोन करके मुझे बुलाया करती थी. पर मैं अपनी पढाई की वजह से नही जा पता था. उसके कुछ दिन बाद ही मेरे कॉलेज में 5 दिन की छोट्टी हो गयी.

तब मैंने सोचा की बुआ अक्सर आने को कहती रहती हैं तो छोट्टी है तो घूम ही आता हूँ. उस दिन मैंने अपनी बुआ को फ़ोन किया और कहा की मैं आज आ रहा हूँ. दोस्तों मैं उस दिन बुआ के घर पुरे 11 महीने बाद जा रहा था. इससे पहले मैं बुआ के घर कुछ काम से गया था और उसके बाद अब जा रहा था. मैं उस दिन बस में बैठ गया और उस बस ने मुझे कुछ ही घंटो में पंहुचा दिया. मैं जब वहां पंहुचा तो मुझे वहां से चल कर जाना पड़ता है तो मैंने बुआ को फ़ोन किया और कहा की कोई घर हो तो भेज दो. तब बुआ ने एक लकड़े को बाइक लेकर भेजा. वो लकड़ा मुझे घर लेकर गया.

मैं सफर करके धक गया था तो मैं मुंह हाथ धुल कर लेट गया. मैं लेटा ही था की बुआ मेरे लिये चाय और नमकीन बिस्केट खाने के लिए लेकर आई. तब मैंने चाय पी और थोड़ी नमकीन और कुछ बिस्केट खाए. मैं चाय पीने के बाद लेट गया और सो गया. जब मैं सोकर उठा तो छत पर गया. तब मैंने देखा की छत पर भी कमरे बन गए हैं. तब मैंने बुआ से पूछा की छत पर कौन रहता है तो बुआ ने कहा वहां अभी कोई नही रहता है. मैंने सोचा ऐसा है तो मैं छत वाले कमरे में ही सो जाऊंगा.

उस रात में बुआ से कहा मेरा बिस्तर छत पर लगा देना. मैं उस रात खाना खाने के बाद छत पर जाकर लेट गया. मैं लेटने के बाद 2 कहानी पढ़ी और सो गया. दोस्तों जब मैं उठा तो कमरे से बाहर निकल कर देखा तो मुझे एक लड़की दिखी जी दिखने में बहुत गोरी थी. वो लकड़ी मुझे देख कर हाय किया और बोली आप कौन हो पहली बार देख रही हूँ. मैंने उसे बताया की मैं लखनऊ में रहता हूँ यहाँ अपनी बुआ के घर आया हूँ. तब उसने मुझसे मेरा नाम पूछा और मैंने उसका नाम पूछा. उसने अपना नाम मधु बताया.

दोस्तों वो रहने वाली तो गाँव की थी पर किसी हिरोइन से कम नही लग रही थी. मैं उससे ऐसे ही कुछ देर बात करने के बाद कहा बाद में बात करते हैं. मैं उससे ये कहकर नीचे चला आया. मैं नीचे आकर फ्रेस हुआ और फिर नाश्ता किया. मैं नाश्ता करने के बाद खेतो की तरफ घुमने चला गया. मैं जब खेतो की तरफ से घूम कर वापस आया तो छत पर गया. देखा की छत पर कोई नही है तो मैं कमरे में जाकर लेट गया और फ़ोन में मूवी देखने लगा. मैं मूवी देख ही रहा था की मुझे उस छत से आवाज सुनाई दी. मैं बाहर निकल कर देखने लगा तो मुझे उस छत पर 2 लड़की दिखी एक तो सुबह वाली थी और दूसरी पता नही कौन थी. मैंने दूसरी वाली लड़की के बारे में पूछा भी नही.

फिर मैं उस लड़की से बात करने लगा. वो भी मुझसे बाते करने लगी. मैं जब मधु से बाते कर रहा था तो मुझे ऐसा लग रहा था की वो मुझसे दोस्ती करना चाहती है. मैं उस दिन उससे बाते करता रहा और इस तरह मैं उससे रोज ही बात करता. मैं उससे बात करते हुए 3 दिन हो गए. अब वो मुझसे मस्ती भी करती थी. मैंने भी उसका फायदा उठाते हुए रात को मिलने को कहा तो उसने पहले तो माना किया और कुछ देर बाद मान गयी. मैं उस रात खाना खाने के बाद अपने रूम में आकार लेट गया.

करीब रात के 1 बज रहे थे. तब वो आई जब वो आई तो मैंने उसे अन्दर आने को कहा और वो अन्दर आ गयी. तब मैंने सोचा अगर इसे चुदाई न करानी होती तो इतनी रात को नही आती. मैं उससे कुछ देर बाद करने के बाद उसकी जांघों को सहलाने लगा. मैं उसकी जांघों को सहला रहा था तो वो मुझे बहुत ही सेक्सी नज़रो से देख रही थी. मैं ऐसे ही कुछ देर तक करता रहा और फिर उसकी होठो पर धीरे से अपनी होठो को रख दिया. मैं उसकी होठो को मुंह में रख कर चूसने लगा और वो मेरी होठो को चूसने लगी.

हम दोनों ऐसे ही एक दुसरे की होठो को चूसते रहे. मैं उसकी होठो को चूसने के साथ उसके बूब्स को कपडे के ऊपर से दबाने लगा. फिर मैंने अपने कपडे निकाल दिए तो उसने कुछ भी नही कहा तो मैंने उसके भी निकाल दिए. जब मैंने उसके कपडे निकाल दिए तो वो मेरे सामने बिना कपड़ो के आ गयी. मैं उसके दोनों बूब्स को हाथ में पकड कर दबाते हुए मुंह में रख कर चूसने लगा. वो बिस्तर पर लेट गयी. मैं उसके बूब्स को जोर जोर से ऐसे ही कुछ देर तक चूसने के बाद मैंने अपने लंड को उसके हाथ में पकड़ा दिया.

वो मेरे लंड को कुछ देर तक हिलाती रही. तब मैंने उससे लंड को मुंह में रखने को कहा तो उसने माना कर दिया और कहा नही. फिर वो मेरे लंड पर थूक लगाकर गिला कर दिया. तब मैंने उसकी चूत में थूक लगाकर उसकी चूत में लंड को घुसा दिया. मेरा लंड जैसे ही उसकी चूत में घुसा तो उसने मुंह से दर्द भरी सिसकियाँ निकल गयी. मैं उसकी चूत में लंड को घुसा कर अन्दर बाहर करते हुए उसको चोदने लगा. वो बिस्तर पर लेट कर जोर जोर से आ आ अ आ…. ह ह ह ह…. सी सी सी…. की सिसकियाँ लेती हुई चुदने लगी. मैं उसकी चूत में जोर जोर के धक्के के साथ अन्दर बाहर करते हुए चोद रहा था. मैं उसके दोनों बूब्स को दबाते हुए उसकी चूत में अन्दर बाहर कर रहा था. वो ह ह ह ह…. ऊ ऊ ऊ ऊ…. अ अ अ अ….. हूँ हूँ हूँ हूँ… की सेक्सी आवाजे जोर जोर से कर रही थी. मैं उसकी चूत में ऐसे ही जोरदार धक्के मार रहा था.

मैं उसकी चूत में ऐसे ही कुछ देर तक धक्के मारने के बाद उसकी चूत से लंड को निकाल कर बेड पर लेट गया. वो मेरे लंड पर बैठ कर ऊपर नीचे होती हुई चुदने लगी साथ में …. ऊ ऊ ऊ ऊ…. अ अ अ अ….. हूँ हूँ हूँ हूँ… की सिसकियाँ ले रही थी. मैं उसकी कमर को पकड कर नीचे से धक्के मारने लगा जिससे कमरे में धक्को की आवाज जोर जोर से आने लगी. मैं उसको ऐसे ही 15 मिनट तक जोरदार धक्को के साथ चोदने के बाद झड़ गया. फिर उसने अपने कपडे पहन लिये और चली गयी. फिर मैं कपडे पहन कर लेट गया और उसके 3 दिन बाद मैं अपने घर चला आया. मेरी अभी भी उससे बाते होती हैं.